Twisha Sharma Case: भोपाल कोर्ट ने ट्विशा शर्मा डेथ केस में AIIMS दिल्ली में दूसरा पोस्टमॉर्टम कराने की मांग वाली याचिका खारिज कर दी है। अदालत ने 19 मई को दायर उस अर्जी को स्वीकार नहीं किया, जिसमें नए पोस्टमॉर्टम और फोरेंसिक जांच की मांग की गई थी।
हालांकि अदालत ने शव संरक्षण की व्यवस्था को लेकर चिंता जताते हुए पुलिस को रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए हैं। इस मामले में दहेज हत्या और उत्पीड़न के आरोपों की जांच SIT कर रही है।
पुलिस रिपोर्ट के मुताबिक ट्विशा शर्मा का शव फिलहाल AIIMS भोपाल में माइनस 4 डिग्री सेल्सियस तापमान पर रखा गया है, जबकि शव को लंबे समय तक सुरक्षित रखने के लिए माइनस 80 डिग्री सेल्सियस तापमान जरूरी बताया गया है।
पुलिस ने ट्विशा के परिजनों को शव लेने के लिए पत्र भी भेजा है। इसमें कहा गया है कि भोपाल AIIMS में इतनी कम तापमान वाली सुविधा उपलब्ध नहीं है।
अदालत ने कटारा हिल्स थाना प्रभारी को निर्देश दिया है कि वे मध्यप्रदेश और अन्य बड़े शहरों के मेडिकल संस्थानों से यह जानकारी जुटाएं कि वहां शव को कम तापमान पर सुरक्षित रखने की सुविधा उपलब्ध है या नहीं। कोर्ट ने इस संबंध में जल्द रिपोर्ट पेश करने को कहा है।
ट्विशा शर्मा 12 मई को भोपाल के कटारा हिल्स स्थित अपने ससुराल में फंदे से लटकी मिली थीं। इसके बाद पुलिस ने उनके पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह के खिलाफ दहेज हत्या और उत्पीड़न का मामला दर्ज किया था।
ट्विशा का परिवार, जो नोएडा में रहता है, लगातार जांच पर सवाल उठा रहा है। परिजनों का आरोप है कि FIR दर्ज करने में देरी हुई और शुरुआती जांच में कई अहम तथ्यों को नजरअंदाज किया गया। परिवार ने AIIMS दिल्ली में दोबारा पोस्टमॉर्टम कराने की मांग की थी।
याचिका में यह भी दावा किया गया था कि पहले पोस्टमॉर्टम के दौरान वह सामग्री पेश नहीं की गई, जिसका इस्तेमाल कथित तौर पर फंदा लगाने में हुआ था।
फिलहाल मामले की जांच SIT कर रही है। जांच टीम दहेज उत्पीड़न, शारीरिक हमले और सबूत मिटाने जैसे आरोपों की पड़ताल में जुटी है। वहीं दूसरी ओर, गिरिबाला सिंह ने अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार किया है।
इस मामले को लेकर प्रदेशभर में चर्चा तेज है और परिजन लगातार निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।



