रायपुर। छत्तीसगढ़ को शिक्षा का अधिकार (RTE) अधिनियम के तहत पहली बार केंद्र सरकार से 339.73 करोड़ रुपये की एकमुश्त राशि प्राप्त हुई है। यह राशि वर्ष 2020-21 से 2024-25 तक लंबित केंद्रीय हिस्से के भुगतान के रूप में जारी की गई है।
इस राशि का उपयोग निजी स्कूलों में आरटीई के तहत प्रवेश पाने वाले आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) और वंचित वर्ग के बच्चों की फीस प्रतिपूर्ति के लिए किया जाएगा। राज्य सरकार के अनुसार, इससे वर्षों से लंबित भुगतान की समस्या दूर होगी और निजी स्कूलों को समय पर प्रतिपूर्ति मिल सकेगी।
स्कूल शिक्षा विभाग ने बताया कि आरटीई के तहत राज्य में हजारों निजी स्कूलों में लाखों बच्चे लाभान्वित हो रहे हैं। वहीं, शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए आरटीई प्रवेश प्रक्रिया का दूसरा चरण भी जारी है। सरकार का कहना है कि केंद्र से प्राप्त इस राशि से आरटीई योजना के प्रभावी क्रियान्वयन और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।



